खामोशी शायरी Image | Khamoshi Shayari in Hindi – Mad Best Shayari


इस ख़ामोशी को मेरी कमज़ोरी मत समझना,
कलम झटकता हु तो सियाही अब भी दुर तक जाती है !!


पलकें झुकी थी उनकी ऐसा लगा जैसे उनके
अपनों में हम शरीख हो गये,
बेखबर थे हम कि उनकी इन्ही ख़ामोशी
की वजह से हम ज़लील हो गये !!

Khamoshi Sher O Shayari

Shayari on Khamoshi
लफ्ज़ खामोशी के शायरी

ख़ामोशी से दर्द को सहना अच्छा लगता है
जिस हस्ती की याद में दिन भर आंसू बहते हैं
सामने उस के कुछ न कहना अच्छा लगता है !!


मिलती है ख़ामोशी से ज़ालिम को सज़ा यारों,
अल्लाह की लाठी में आवाज़ नहीं होती !!


Khamoshi Hindi Shayari

तुम्हारा और मेरा इश्क है ज़माने से कुछ जुदा,
एक तुम्हारी कहानी है लफ्जों से भरी,
एक मेरा किस्सा है ख़ामोशी से भरा !!


देखते हैं पहले क्या टूटता है,
तुम्हारी ख़ामोशी या मेरा यक़ीन !!


भीगी आँखों से मुस्कुराने का मजा और है,
हँसते हँसते पलके भिगोने का मजा और है,
बात कह के तो कोई भी समझ लेता है,
खामोशी को कोई समझे तो मजा और है !!

मेरी ख़ामोशी शायरी

Khamoshi Shayari in Hindi
Khamoshi Sad Shayari

आँखों का दरिया बहने लगा,
जब वो खामोश हो गए थे !!


कौन कहता है कि खामोशियां ख़ामोश होती है,
खामोशियां को खामोशी से सुनो,
ये वो कहती है,
जिनकी तलाश हमें लफ्जो में होती है !!


जब इंसान अन्दर से टूट जाता हैं
तो अक्सर बहार से खामोश जो जाता हैं !!


आप कुछ दिन खामोश होकर देखना,
लोग सच में भूल जाते हैं !!

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